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हजार रुपये के लिए खून

 हजार रुपये के लिए खून-

 एक हजार रुपये के लिए एक युवक ने दूसरे की चाकू से गोदकर हत्या कर दी। वारदात के बाद आरोपी फरार हो गया। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा। आरोपी को दो घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने मृतक के भाई की तहरीर पर मुख्य आरोपी समेत तीन पर हत्या का केस दर्ज कर लिया है। पूरी वारदात सीसीटीवी में कैद - पुलिस ने फुटेज को कब्जे में लिया।

 सिविल लाइंस कोतवाली क्षेत्र स्थित ढंडेरा निवासी कमरुद्दीन ने गांव निवासी हबीब से कुछ दिन पहले एक हजार रुपये लिए थे। हबीब कमरुद्दीन पर एक हजार रुपये वापस करने का दबाव बना रहा था। इसे लेकर कुछ दिन पहले दोनों में विवाद हो गया था। आरोप है कि सोमवार रात 10.30 बजे हबीब ने कमरुद्दीन को बात करने के लिए बुलाया। दोनों सड़क पर खड़े होकर बातचीत कर रहे थे। इसी बीच हबीब ने चाकू निकालकर कमरुद्दीन पर ताबड़तोड़ वार कर दिए। कमरुद्दीन ने भागने की कोशिश की तो आरोपी ने दौड़कर चाकू से हमलाकर मौत के घाट उतार दिया। 

आरोपी मौके से फरार हो गया। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जानकारी ली। साथ ही पंचनामा भरकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। वहीं, पुलिस ने आरोपी की गिरफ्तारी के लिए जगह-जगह तलाश की। इस बीच पुलिस ने आरोपी को बूचड़ी रेलवे फाटक के पास गिरफ्तार कर हत्या में इस्तेमाल चाकू भी बरामद कर दिया। 

 पूछताछ में आरोपी हबीब ने बताया कि कमरुद्दीन रुपये मांगने पर लगातार उसे धमकी दे रहा था। सोमवार रात बातचीत करने से पहले उसने दो सौ रुपये का चाकू एक दुकान से खरीदा था। रुपये मांगने पर उसने अभद्रता कर दी थी। इसपर उसने चाकू से हमलाकर उसकी हत्या कर दी .

 ताजिया जुलूस के दौरान दो पक्षों में जमकर पत्थरबाजी

मुजफ्फरपुर जिले के सकरा थाना के दोनवा में ताजिया जुलूस के दौरान दो पक्षों में जमकर पत्थरबाजी हुई। इसमें करीब आधा दर्जन लोग चोटिल हो गए। अफरातफरी और भगदड़ का माहौल मच गया। सूचना मिलने पर सकरा थानेदार सह प्रशिक्षु DSP अबु सैफी मुर्तुजा, इंस्पेक्टर राकेश कुमार, सब इंस्पेक्टर सरोज कुमार काफी संख्या में फोर्स के साथ पहुंचे।

रोड़ेबाजी कर रहे लोगों से शांति व्यवस्था बनाए रखने को कहा। कुछ स्थानीय बुद्धिजीवी ने भी मामले में हस्तक्षेप किया। जिससे जल्द ही मामला शांत हो गया।

DSP ने घटना के सम्बंध में स्थानीय लोगों से पूछताछ की। तब पता लगा कि ये एक परंपरा है, जो सदियों से चली आ रही है। कदाने नदी के दोनों तरफ से ताजिया जुलूस के दौईं लोग रोड़ेबाजी करते हैं। घटना में किसी प्रकार की विशेष हताहत नहीं हुई है। DSP ने बताया कि एक परंपरा के तहत रोड़ेबाजी कर रहे थे। जिसे रोकवा दिया गया है। स्थिति शांतिपूर्ण है। किसी प्रकार का विवाद नहीं है।

FORCE TODAY NEWS 

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